मान लीजिए दो लोगों का वेतन बिल्कुल समान है। एक व्यक्ति स्वस्थ है और बस व मेट्रो से कहीं भी आ-जा सकता है, लेकिन दूसरे को व्हीलचेयर का सहारा लेना पड़ता है, इसलिए रैंप रहित इमारतों या
कुछ संवाद-दृश्य इतने स्वाभाविक क्यों लगते हैं? यह लेख स्प्लिट एडिट (split edit) को समझाता है, जिसमें तस्वीर और आवाज़ को अलग-अलग क्षणों पर काटा जाता है, और बताता है कि J-cut (आवाज़
जब कोई दोस्त तय समय से 20 मिनट देर से पहुँचता है, तो सबसे पहले यही खयाल आता है कि ‘इसे तो समय की कोई समझ ही नहीं है।’ लेकिन जब हम खुद देर से पहुँचते हैं, तो पहले वे परिस्थितियाँ या
एल्गोरिदम कंप्यूटर विज्ञान की प्रमुख अवधारणाओं में से एक है। एल्गोरिदम का अर्थ किसी समस्या को हल करने की सटीक प्रक्रिया या गणना की विधि है। प्रोग्रामिंग करने वाले लोगों के लिए ऐसे
आपने कभी न कभी यह अनुभव किया होगा कि टिफिन में रखने के लिए छीलकर रखा गया सेब दोपहर तक पीला पड़ गया। कटे हुए आलू, आधे कटे एवोकाडो और छिले हुए केले के साथ भी ऐसा ही होता है। खराब हुए
लंबे समय तक बड़े भवनों में बहुत से लोगों को एक साथ रखकर उनकी सामूहिक देखभाल करना समाज कल्याण का बुनियादी तरीका माना जाता रहा। नियम तय होते हैं और प्रबंधन आसान होता है, लेकिन वहाँ र